भगवान की माया देख रहा हु , प्रकृति को रचने वाले से बड़ा कलाकार कोई नहीं है , चारो तरफ हरियाली है , विभिन्न प्रकार के पेड़ पौधों से सजा यह जहा कितना सुन्दर लगता है , यकायक एक बड़े और लंबे पत्ते वाले पेड़ पर नजर गयी , उसकी बनावट ने चकित कर दिया , अर्ध वृत्त के आकार के उसके पत्ते एक तरफ से दूसरी तरफ फैले हुए है , बिलकुल अर्ध वृत्ताकार स्वरुप मैं प्रकृति जैसी सुंदरता आपको कही नजर नहीं आती , इस हरे रंग को कुछ देर तक निहारते रहो तो , आँखों को एक अजीब प्रकार का सकून मिलता है जो अगर आप प्रकृति से दूर रहते है तो आप इस सुख से वंचित हो जाते है , सीमेंट के जंगल बनाने वाले इंसान , जो सुख इन पत्तों को हरियाली मैं है वो तेरे संगमरमर के महल मैं कहा।
भगवान की माया देख रहा हु , प्रकृति को रचने वाले से बड़ा कलाकार कोई नहीं है , चारो तरफ हरियाली है , विभिन्न प्रकार के पेड़ पौधों से सजा यह जहा कितना सुन्दर लगता है , यकायक एक बड़े और लंबे पत्ते वाले पेड़ पर नजर गयी , उसकी बनावट ने चकित कर दिया , अर्ध वृत्त के आकार के उसके पत्ते एक तरफ से दूसरी तरफ फैले हुए है , बिलकुल अर्ध वृत्ताकार स्वरुप मैं प्रकृति जैसी सुंदरता आपको कही नजर नहीं आती , इस हरे रंग को कुछ देर तक निहारते रहो तो , आँखों को एक अजीब प्रकार का सकून मिलता है जो अगर आप प्रकृति से दूर रहते है तो आप इस सुख से वंचित हो जाते है , सीमेंट के जंगल बनाने वाले इंसान , जो सुख इन पत्तों को हरियाली मैं है वो तेरे संगमरमर के महल मैं कहा।

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